भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने आधार कार्ड में नाम बदलने या सुधार करने संबंधी नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं।
अब मामूली स्पेलिंग की गलती से लेकर शादी के बाद सरनेम बदलने या पूरा नाम बदलने तक, हर प्रकार के सुधार के लिए अलग-अलग दस्तावेज़ों की आवश्यकता होगी।
यह कदम धोखाधड़ी पर अंकुश लगाने और आधार डेटा की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है, जिससे देश के लगभग 130 करोड़ आधार धारकों को अपने विवरण अपडेट करते समय अधिक सावधानी बरतनी होगी।
इन नए नियमों के तहत, जमा किए गए दस्तावेज़ों की UIDAI द्वारा गहन जांच भी की जाएगी, जिससे यह समझना आवश्यक हो गया है कि आपके मामले में कौन-सा बदलाव है और उसके लिए कौन-सा विशिष्ट दस्तावेज़ लगेगा।नाम सुधार के विभिन्न प्रकार और आवश्यक दस्तावेज़UIDAI ने नाम सुधार को कई श्रेणियों में बांटा है, जिसमें हर श्रेणी के लिए अलग दस्तावेज़ निर्धारित किए गए हैं।