छत्तीसगढ़: तकनीकी सहायकों की 3 दिवसीय हड़ताल, नियमितीकरण की मांग तेज

छत्तीसगढ़ में लगभग 10,000 तकनीकी सहायक अपनी लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर हाल ही में तीन दिवसीय हड़ताल पर रहे, जिसने राज्य भर में ग्रामीण विकास कार्यों को बुरी तरह प्रभावित किया।

15 मई से 17 मई, 2024 तक चली इस हड़ताल का मुख्य उद्देश्य सरकार का ध्यान नियमितीकरण की मांग की ओर आकर्षित करना था, जिसके साथ ही उन्होंने वेतन विसंगति दूर करने, पदोन्नति नीति बनाने और संविदा कर्मचारियों को नियमित कर्मचारियों के समान लाभ देने जैसी कई अन्य मांगें भी रखीं।

छत्तीसगढ़ तकनीकी सहायक संघ के बैनर तले हुए इस आंदोलन ने प्रदेश के सभी 33 जिलों में ग्रामीण विकास योजनाओं, विशेषकर महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत होने वाले कार्यों को ठप्प कर दिया।

संघ ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक रुख नहीं अपनाती है, तो वे जल्द ही अनिश्चितकालीन आंदोलन की राह पर जाएंगे, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्य पूरी तरह से रुक सकते हैं।मांगों का मुख्य आधार: नियमितीकरण और वेतन विसंगतितकनीकी सहायकों की सबसे प्रमुख और पुरानी मांग नियमितीकरण की है।

छत्तीसगढ़: तकनीकी सहायकों की 3 दिवसीय हड़ताल, नियमितीकरण की मांग तेज

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