नई दिल्ली/चंडीगढ़।
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सरकारी आवास पर हुए खर्च को लेकर पहले से चर्चा में रहे ‘शीश महल’ विवाद ने एक बार फिर राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ा दी है।
इस बार मामला पंजाब से जुड़ा है, जहां उनके ठहरने और सरकारी संसाधनों के इस्तेमाल को लेकर विपक्षी दलों ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।विपक्ष का आरोप है कि पंजाब में अरविंद केजरीवाल के प्रवास और सुविधाओं पर सरकारी संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है।
इसे लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों ने पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग की है।