देश 8 मिनट पढ़ें

देव ऋषि नारद जयंती पर रेवाड़ी में पत्रकारिता के बदलते स्वरूप पर मंथन

37 व्यूज़
देव ऋषि नारद जयंती पर रेवाड़ी में पत्रकारिता के बदलते स्वरूप पर मंथन
देश

ब्रह्मांड के आदि पत्रकार देव ऋषि नारद की जयंती के पावन अवसर पर, विश्व संवाद केंद्र की रेवाड़ी इकाई ने गुरुवार, 14 मई, 2026 को स्थानीय जांगिड़ भवन में 'पत्रकारिता का बदलता स्वरूप – चुनौतियां एवं समाधान' विषय पर एक महत्वपूर्ण विचार गोष्ठी का आयोजन किया। इस संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य समकालीन पत्रकारिता के परिदृश्य में आ रहे परिवर्तनों, उससे उत्पन्न हो रही चुनौतियों और उनके संभावित समाधानों पर गहन चिंतन करना था। कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार अक्षय शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में अपने विचार साझा किए, जिन्होंने वर्तमान मीडिया के समक्ष खड़ी जटिलताओं और पत्रकारों की वर्तमान दशा व दिशा पर विस्तृत प्रकाश डाला।

देव ऋषि नारद और पत्रकारिता का गौरवशाली इतिहास

देव ऋषि नारद को भारतीय संस्कृति में संचार और सूचना के प्रथम अग्रदूत के रूप में देखा जाता है, जिन्हें ब्रह्मांड का पहला पत्रकार माना जाता है। वे सत्य और लोक कल्याण की भावना से सूचनाओं का आदान-प्रदान करते थे। उनकी जयंती पर आयोजित यह संगोष्ठी प्राचीन पत्रकारिता के आदर्शों को आधुनिक मीडिया के संदर्भ में परखने का एक महत्वपूर्ण अवसर था। नारद जी का कार्य केवल सूचना देना नहीं था, बल्कि वे समाज को जोड़ने और मार्गदर्शन करने का भी कार्य करते थे। उनके सिद्धांत आज भी प्रासंगिक हैं, विशेषकर जब सूचनाओं का प्रवाह अत्यधिक तेज और भ्रामक हो सकता है। विश्व संवाद केंद्र ने इस आयोजन के माध्यम से पत्रकारिता के नैतिक मूल्यों और उसकी सामाजिक जिम्मेदारी को पुनः स्थापित करने का प्रयास किया, जो नारद के सिद्धांतों से प्रेरित है।

पत्रकारिता के बदलते स्वरूप पर गहन मंथन

संगोष्ठी के मुख्य वक्ता, वरिष्ठ पत्रकार अक्षय शर्मा ने अपने प्रभावशाली संबोधन में पत्रकारिता के बदलते आयामों पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने डिजिटल क्रांति और सोशल मीडिया के विस्तार के कारण पत्रकारिता में आए परिवर्तनों को रेखांकित किया। शर्मा ने बताया कि कैसे समाचार अब केवल पारंपरिक माध्यमों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि हर व्यक्ति तक तुरंत पहुंच रहा है, जिससे सूचनाओं के सत्यापन और विश्वसनीयता की चुनौती बढ़ गई है। उन्होंने पत्रकारिता के समक्ष खड़ी प्रमुख चुनौतियों में फेक न्यूज, दुष्प्रचार, क्लिकबेट पत्रकारिता और आर्थिक दबाव को विशेष रूप से उजागर किया। अक्षय शर्मा ने पत्रकारों की वर्तमान दशा और दिशा पर भी गंभीर चिंतन प्रस्तुत किया, जिसमें आधुनिक पत्रकार को मल्टीटास्किंग और तकनीकी रूप से दक्ष होने की आवश्यकता पर बल दिया गया

उन्होंने इन चुनौतियों के समाधान के रूप में नैतिक पत्रकारिता के सिद्धांतों का पालन, गहन शोध और तथ्य-जांच (फैक्ट-चेकिंग) को अपनाने की अनिवार्यता पर जोर दिया। शर्मा ने सुझाव दिया कि पत्रकारों को अपनी विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए जनहित को सर्वोपरि रखना चाहिए और बाहरी दबाव से मुक्त होकर कार्य करना चाहिए। उन्होंने मीडिया साक्षरता को बढ़ावा देने और पाठकों को सही-गलत की पहचान करने में सक्षम बनाने की आवश्यकता पर भी बल दिया। इस चर्चा ने उपस्थित पत्रकारों को वर्तमान मीडिया परिदृश्य में अपनी भूमिका और जिम्मेदारियों पर गंभीरता से विचार करने के लिए प्रेरित किया।

उत्पाद लोड हो रहे हैं…

गणमान्य हस्तियों की उपस्थिति और सम्मान समारोह

इस विचार गोष्ठी की अध्यक्षता मेटल डायन ऑटो पार्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक अरुण टोकस ने की, जिन्होंने अपने संबोधन में पत्रकारिता के सामाजिक दायित्वों को रेखांकित किया। कार्यक्रम में सांकेई गिकेन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के विनोद जोशी और डिनको 4 व्हील्स के निदेशक दिनेश गोयल ने विशिष्ट अतिथि के रूप में अपनी बात रखी, और मीडिया के बदलते स्वरूप पर अपने अनुभव साझा किए। इस अवसर पर 35 पत्रकार बंधुओं को उनके उत्कृष्ट योगदान और सेवा के लिए सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके अथक परिश्रम और समाज के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक था, जिसने उन्हें भविष्य में बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम में कई प्रमुख हस्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें डॉ

कार्यक्रम में कई प्रमुख हस्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें डॉ. रामबाबू यादव, डॉ. आत्मप्रकाश, डॉ. रवि यादव, विकास, प्रशांत, सतबीर, नवीश, भारत जैन शामिल थे। इसके अतिरिक्त, जांगिड़ समाज के प्रधान राजकुमार जांगड़ा और प्रसिद्ध उद्योगपति अजय मित्तल भी उपस्थित रहे। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जिला संघचालक रामावतार गौतम और जिला कार्यवाह प्रकाश ने भी इस महत्वपूर्ण आयोजन में सहभागिता की। मंच संचालन का कार्य डॉ. नरेश कौशिक ने अत्यंत कुशलता से निभाया, जिन्होंने एक सहज और प्रेरक वातावरण बनाए रखा। कार्यक्रम के अंत में, विश्व संवाद केंद्र, रेवाड़ी की ओर से जिला प्रचार प्रमुख योगेश त्यागी ने सभी पत्रकार बंधुओं, बुद्धिजीवियों और गणमान्य नागरिकों का आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

भविष्य की पत्रकारिता: चुनौतियां और संभावनाएं

यह संगोष्ठी भविष्य की पत्रकारिता के लिए एक रोडमैप तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम थी। बदलती तकनीक और सूचना क्रांति के इस युग में, पत्रकारों के लिए अपनी भूमिका को पुनः परिभाषित करना और नए कौशल विकसित करना अत्यंत आवश्यक हो गया है। जहां एक ओर चुनौतियां बढ़ी हैं, वहीं डिजिटल प्लेटफॉर्म्स ने पत्रकारों को अपनी बात अधिक व्यापक दर्शकों तक पहुंचाने के नए अवसर भी प्रदान किए हैं। इस आयोजन ने पत्रकारिता के मूल सिद्धांतों को बनाए रखते हुए आधुनिकता को अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया। उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने एक जिम्मेदार, तथ्य-आधारित और नैतिक पत्रकारिता के महत्व को स्वीकार किया, जो लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में अपनी भूमिका को प्रभावी ढंग से निभा सके।

टैग्स

और पढ़ें

लेखक