जामगांव को सीएम साय की सौगात: शिक्षा-विकास परियोजनाओं की घोषणा
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोमवार को दुर्ग जिले के जामगांव में आयोज...
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोमवार को दुर्ग जिले के जामगांव में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए क्षेत्र के समग्र विकास के लिए लगभग 500 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं और योजनाओं की घोषणा की। इन घोषणाओं में शिक्षा, अधोसंरचना, स्वास्थ्य और रोजगार सृजन पर विशेष ध्यान दिया गया है, जिसका उद्देश्य जामगांव और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में जीवन स्तर को ऊपर उठाना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सरकार प्रदेश के हर वर्ग और हर क्षेत्र के संतुलित विकास के लिए प्रतिबद्ध है, और ये परियोजनाएं इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने स्थानीय लोगों से इन विकास कार्यों में सक्रिय भागीदारी का आह्वान भी किया, ताकि परियोजनाओं का लाभ अधिकतम लोगों तक पहुँच सके।
शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व पहल
मुख्यमंत्री साय ने जामगांव को एक शिक्षा हब के रूप में विकसित करने की अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने घोषणा की कि क्षेत्र में 3 नए हाई स्कूल और 5 मिडिल स्कूल स्थापित किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक बेहतर पहुँच मिलेगी। इसके अतिरिक्त, मौजूदा 10 प्राथमिक विद्यालयों का उन्नयन कर उन्हें आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा, जिनमें स्मार्ट क्लासरूम और डिजिटल शिक्षण सामग्री शामिल होंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा ही किसी भी समाज की प्रगति का आधार है, और उनकी सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है कि छत्तीसगढ़ का कोई भी बच्चा शिक्षा के अवसर से वंचित न रहे। उन्होंने 5,000 छात्रों के लिए विशेष डिजिटल साक्षरता कार्यक्रम शुरू करने की भी घोषणा की, जिसका उद्देश्य उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना है। मेधावी छात्रों के लिए 2,000 नई छात्रवृत्तियों की घोषणा की गई, जो उन्हें उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायता प्रदान करेंगी।
इस पहल से जामगांव क्षेत्र में अगले 3 वर्षों में साक्षरता दर में 5% की...
इस पहल से जामगांव क्षेत्र में अगले 3 वर्षों में साक्षरता दर में 5% की वृद्धि होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री ने कौशल विकास और व्यावसायिक प्रशिक्षण के महत्व पर भी जोर दिया, और घोषणा की कि 2 नए औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) केंद्र स्थापित किए जाएंगे। ये केंद्र स्थानीय युवाओं को विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षित करेंगे, जिससे उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें। सीएम साय ने कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य शिक्षा को केवल डिग्री प्राप्त करने तक सीमित न रखकर उसे रोजगारोन्मुखी बनाना है, ताकि युवा आत्मनिर्भर बन सकें।
अधोसंरचना और जनहितकारी योजनाएं
विकास परियोजनाओं के तहत, मुख्यमंत्री ने जामगांव की कनेक्टिविटी और सार्वजनिक सुविधाओं में सुधार के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने 50 किलोमीटर नई ग्रामीण सड़कों के निर्माण और 20 किलोमीटर अंतर-जिला सड़कों के उन्नयन की घोषणा की, जिससे किसानों और व्यापारियों को अपनी उपज और उत्पादों को बाजारों तक पहुँचाने में आसानी होगी। स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए, मुख्यमंत्री ने 3 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में अपग्रेड करने की घोषणा की, जिससे स्थानीय लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएँ मिल सकें। इसके अलावा, बच्चों और गर्भवती महिलाओं के पोषण और देखभाल के लिए 100 नए आंगनवाड़ी केंद्र स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने 20,000 घरों तक स्वच्छ पेयजल पहुँचाने के लिए एक नई पेयजल परियोजना का भी अनावरण किया, जो क्षेत्र में जल संकट को दूर करने में मदद करेगी।
सीएम साय ने कृषि क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए भी कई योजनाएं शुरू कीं। उन्होंने 10,000 किसानों को लाभ पहुँचाने वाली एक नई कृषि सहायता योजना की घोषणा की, जिसमें उन्नत बीज, उर्वरक और आधुनिक कृषि उपकरण प्रदान किए जाएंगे। भूमिहीन परिवारों को सशक्त बनाने के लिए 2,500 भूमिहीन परिवारों को भूमि पट्टे वितरित किए जाएंगे। किसानों को अपनी उपज का उचित मूल्य दिलाने और उसे खराब होने से बचाने के लिए, क्षेत्र में 2 नए कोल्ड स्टोरेज सुविधाओं का निर्माण किया जाएगा। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए, मुख्यमंत्री ने स्वयं सहायता समूहों (SHGs) के माध्यम से 3,000 महिलाओं को जोड़ने का लक्ष्य रखा, जिससे वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
रोजगार सृजन और आर्थिक सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रोजगार सृजन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने घोषणा की कि स्थानीय उद्योगों और छोटे व्यवसायों को बढ़ावा देने के लिए विशेष पहल की जाएगी, जिससे क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियाँ बढ़ें। 50 नए सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (MSMEs) को प्रोत्साहित करने के लिए एक विशेष पैकेज की घोषणा की गई, जो स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा करेंगे। युवाओं को विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षित करने के लिए 4,000 युवाओं के लिए कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे, जिससे उन्हें बाजार की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार किया जा सके। मुख्यमंत्री ने अनुमान लगाया कि इन परियोजनाओं और पहलों से 8,000 से अधिक नए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
मुख्यमंत्री ने उद्यमिता को बढ़ावा देने के महत्व पर भी प्रकाश डाला और...
मुख्यमंत्री ने उद्यमिता को बढ़ावा देने के महत्व पर भी प्रकाश डाला और युवाओं को अपने स्वयं के व्यवसाय शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करने हेतु 20 करोड़ रुपये की लागत से एक नए कौशल विकास केंद्र का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार युवाओं को सिर्फ नौकरी खोजने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला बनाना चाहती है। इन आर्थिक पहलों से अगले 5 वर्षों में जामगांव की स्थानीय अर्थव्यवस्था में 15% की वृद्धि होने की उम्मीद है। सीएम साय ने अपने संबोधन में सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण के महत्व पर भी जोर दिया और कहा कि सभी विकास परियोजनाएं पर्यावरण के अनुकूल तरीके से लागू की जाएंगी। उन्होंने स्थानीय लोगों से इन सभी परियोजनाओं में सक्रिय रूप से भाग लेने और उन्हें सफल बनाने का आग्रह किया।
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